गोपालगंज: 11वीं रजिस्ट्रेशन में अधिक फीस वसूली का आरोप, जांच शुरू

updateUpdated: September 19, 2026 at 1:11 pm schedule 2 min read
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◾️कुचायकोट के मनन नगीना प्रोजेक्ट स्कूल में 11वीं के रजिस्ट्रेशन में निर्धारित दर से अधिक राशि मांगने और सुविधाएं न देने के आरोप में शिक्षा विभाग ने जांच शुरू की।
◾️निर्धारित रजिस्ट्रेशन शुल्क ₹515 के मुकाबले ₹550 मांगे जाने का आरोप (₹35 अतिरिक्त)।
◾️ग्रामीण क्षेत्रों में सरकारी योजनाओं और बिहार बोर्ड के तय शुल्कों के पारदर्शी क्रियान्वयन तथा छात्रों से अवैध वसूली की रोकथाम से जुड़ा मामला है।
◾️बीईओ द्वारा जांच रिपोर्ट तैयार होने के बाद दोषी पाए जाने पर विभागीय कार्रवाई की जाएगी।

कुचायकोट के स्कूल में ₹515 के बदले ₹550 मांगने का वीडियो वायरल; खेलकूद सामग्री न देने व बंद कंप्यूटर लैब पर भी घिरे एचएम।

​बिहार विद्यालय परीक्षा समिति ने 11वीं कक्षा के नियमित रजिस्ट्रेशन के लिए 515 रुपये का शुल्क तय कर रखा है, लेकिन गोपालगंज के एक सरकारी स्कूल में छात्राओं से कथित तौर पर 550 रुपये मांगे जा रहे हैं।

​इंटरनेट मीडिया पर वायरल हुए एक वीडियो ने कुचायकोट प्रखंड के करमैनी मोहब्बत स्थित मनन नगीना प्रोजेक्ट माध्यमिक विद्यालय के कामकाज पर सवाल खड़े कर दिए। शुक्रवार को यह वीडियो सामने आते ही शिक्षा महकमे में हलचल मच गई।

​मामले की गंभीरता को देखते हुए प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी (बीईओ) अशोक कुमार सिंह खुद जांच करने स्कूल पहुंच गए।

​वायरल वीडियो में कई छात्राएं साफ तौर पर यह कहती दिख रही हैं कि फॉर्म भरने के नाम पर उनसे 35 रुपये अतिरिक्त मांगे गए। नाराजगी केवल पैसों तक सीमित नहीं रही। छात्राओं ने जांच अधिकारी के सामने स्कूल की बुनियादी कमियां भी गिना दीं—खेलकूद का सामान बच्चों को नहीं मिलता और कंप्यूटर लैब में महीनों से ताला जड़ा है।

​अचानक हुए इस प्रशासनिक निरीक्षण से स्कूल में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।

​बीईओ ने सीधे कक्षाओं में बैठकर पीड़ित छात्राओं से बातचीत की और उनके बयान कलमबद्ध किए। ठीक इसके उलट, प्रधानाध्यापक जाकिर हुसैन ने इन सभी आरोपों को सिरे से नकार दिया।

​”विद्यालय से जुड़े कुछ लोग जानबूझकर परेशान करने के उद्देश्य से इस तरह के बेबुनियाद आरोप लगा रहे हैं,” जाकिर हुसैन ने अपनी सफाई में कहा कि किसी भी छात्र से निर्धारित दर से एक भी अतिरिक्त पैसा नहीं लिया गया है।

​प्रशासन अब इस मामले में जल्दबाजी के मूड में नहीं दिख रहा है।

​प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी अशोक कुमार सिंह ने बताया कि इंटरनेट पर प्रसारित वीडियो का संज्ञान लेकर जांच की जा रही है। उन्होंने कहा: “छात्राओं और प्रधानाध्यापक—दोनों पक्षों की बात सुन ली गई है। जांच पूरी होते ही सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर उचित कानूनी व विभागीय कार्रवाई होगी।”

Siddharth

Expertise: B.Tech

Educational Content Writer having experience of 5+ years

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