Bihar MDM Rasoiya Chayan Nirdesh
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Rasoiya Chayan Hetu Nirdesh
बिहार मध्याह्न भोजन योजना में रसोइया-सह-सहायक चयन को लेकर नया आदेश जारी। जानें 60 वर्ष आयु, नई रिक्ति गणना, MIS एंट्री और बहाली से जुड़े सभी नियम।
Bihar MDM Rasoiya Chayan Nirdesh 2026: रसोइया चयन के नए नियम
बिहार के सरकारी स्कूलों में मध्याह्न भोजन योजना के तहत रसोइया-सह-सहायक के चयन को लेकर शिक्षा विभाग ने नए दिशा-निर्देश जारी किए हैं। यदि किसी विद्यालय में कार्यरत रसोइया 60 वर्ष की आयु पूरी कर रहे हैं या पद रिक्त हो रहा है, तो वहां अब पुरानी रिक्ति के बजाय वर्तमान छात्र नामांकन के आधार पर नए सिरे से पद तय कर एक माह में चयन पूरा करना होगा।
यह पत्र/अधिसूचना किसने जारी किया?
यह आधिकारिक पत्र शिक्षा विभाग, बिहार सरकार के मध्याह्न भोजन योजना निदेशालय के निदेशक विनायक मिश्र (भा.प्र.से.) द्वारा जारी किया गया है। इस आदेश का ज्ञापांक 1228 (संचिका संख्या: म.भो / को -57/2012 अंश II) है, जिसे 27 अप्रैल 2026 को जारी किया गया है।
यह किसे संबोधित है?
यह निर्देश मुख्य रूप से बिहार के सभी जिला कार्यक्रम पदाधिकारियों (मध्याह्न भोजन योजना) को भेजा गया है। इसके अलावा राज्य के सभी जिला पदाधिकारी (DM) और जिला शिक्षा पदाधिकारी (DEO) को आवश्यक कार्यवाही एवं सूचना के लिए इसकी प्रतिलिपि भेजी गई है।
मुख्य निर्देश एवं नियम क्या हैं?
- नामांकन के अनुसार पद निर्धारण: स्कूलों में रसोइया-सह-सहायक की संख्या का निर्धारण कुल नामांकित छात्र-छात्राओं के 75 प्रतिशत मानक को आधार मानकर ही किया जाएगा।
- ताज़ा छात्र संख्या से नई रिक्ति की गणना: किसी रसोइया की उम्र 60 साल पूरी होने, मृत्यु होने या त्यागपत्र देने पर पुरानी सीट को आधार नहीं माना जाएगा, बल्कि स्कूल में उस समय के ताज़ा नामांकन के अनुसार रिक्ति की नई गणना होगी।
- एक माह में चयन प्रक्रिया पूरी करना: रिक्ति तय होने के बाद 1 महीने के भीतर नियमानुसार नए रसोइया-सह-सहायक का चयन करना अनिवार्य है।
- एकल रसोइया वाले स्कूलों के लिए नियम: जिन स्कूलों में केवल एक ही रसोइया काम कर रहे हैं, वहां उनके 60 वर्ष पूरे होने से 1 महीने पहले ही नए रसोइया का चयन कर लिया जाएगा ताकि बच्चों के भोजन में एक भी दिन रुकावट न आए।
- योगदान और मानदेय: 60 वर्ष की उम्र पूरी होने के अगले दिन से नवचयनित कर्मी स्कूल में कार्य शुरू करेंगे और कार्य शुरू करने की तिथि से ही उनका मानदेय देय होगा।
- MIS पोर्टल पर एंट्री: चयन प्रक्रिया पूरी होने के 1 सप्ताह के अंदर नए रसोइया की पूरी जानकारी विभाग के MIS पोर्टल में दर्ज करानी होगी।
- लापरवाही पर कार्रवाई: स्वीकृत पदों के विरुद्ध सीटें खाली नहीं रहनी चाहिए; यदि 1 महीने से ज्यादा समय तक पद खाली रहता है, तो जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की जाएगी।
निष्कर्ष
मध्याह्न भोजन योजना का यह नया आदेश स्कूलों में रसोइया चयन की प्रक्रिया को समयबद्ध और व्यवस्थित करने के उद्देश्य से जारी किया गया है। इससे जहां एक तरफ बच्चों के भोजन वितरण में निरंतरता बनी रहेगी, वहीं स्कूलों में छात्र संख्या के अनुपात में कर्मियों की सही तैनाती भी तय होगी।